संविदा क्या है अभिशाप या वरदान sanvida bharti niyam

संविदा (contract) क्या है अभिशाप या वरदान Samvida भर्ती नियम जानिए संविदा english meaning in hindi संविदा पर डॉक्टर, संविदा पर इंजीनियर, संविदा पर टीचर, संविदा पर नर्स और संविदा पर कर्मचारी सुनने को मिल जाने वाला शब्द बन चुका है

संविदा [ contract ] - आज लगभग सभी क्षेत्रो मे संविदा पर डॉक्टर, संविदा पर इंजीनियर, संविदा पर टीचर, संविदा पर नर्स और संविदा पर कर्मचारी सुनने को मिल जाने वाला शब्द बन चुका है | लेकिन यह संविदा क्या है और आज कल क्यू सभी क्षेत्रो मे संविदा पर कर्मचारीयो की नियुक्ति की जा रही है | आज के समय मे लगभग सभी भर्तियों मे साफ साफ यही लिखा होता है संविदा लेकिन विभागो मे संविदा कर्मचारी रखने का मतलब क्या है | क्लिक से पढे फ्रीलांसिंग क्या है इससे पैसे कैसे कमाए

संविदा पर  जिन कर्मचारी की नियुक्ति होती है उनकी क्वालिफ़िकेशन एंव कार्य बाकी अन्य कर्मचारी के जैसे ही होते है साथ ही कभी कभी संविदा कर्मचारी को अन्य कर्मचारी से अधिक कार्य करना पड़ता है | तो फिर क्यो विभागो द्वारा मिलने वाली सुविधाओ से संविदा कर्मचारी को वंचित कर दिया जाता है | संविदा कर्मचारी को मानदेय के नाम पर साधारण से कुशल श्रमिकों से श्रमिकों (स्किल्ड लेबर) से भी कम दिया जाता है |


संविदा पर नौकरी क्या आसानी से मिल जाती है

एक संविदा नौकरी भी पाने के लिए व्यक्ति को बहुत से पापड़ बेलने पड़ते है मतलब साफ है की संविदा पर नौकरी के लिए एक उच्च कोटी की प्रतिस्पर्धा होती है और जब टेड़े मेडे रास्ते पार कर किसी तरह से संविदा पर नियुक्ति मिल जाती है | तो हर 11 महीने बाद नवीनीकरण कराना पड़ता है | लेकिन नवीनीकरण कराना भी आसान नहीं है क्योकि यह करने के लिए नौकरी से संबन्धित अधिकारी खुश रखना पड़ता है | अब इतना तो समझ मे आता है कि संविदा पर काम कर रहे कर्मचारी पर हर घड़ी खतरे की तलवार गले पर लटक रही है | अगर आप संविदा कर्मचारी है तो किसी प्रकार की बोनस की उम्मीद तो छोड़ ही दे क्योकि एक संविदा कर्मचारी को केवल 11 महीने का वेतन ही मिलेगा |


अगर आपके उपर किसी बड़े अफसर या विभाग की कृपादृष्टि बन जाये तो समझ ले कि सूखे रेगिस्तान मे कुछ बुंदे प्राप्त हो गई है लेकिन ऐसा होना या देखना बहुत ही कम मिलता है |

संविदा पर नौकरी वरदान या अभिशाप -
संविदा पर नौकरी या कर्मचारी रखने का मतलब क्या था क्यो रखा जाता था संविदा पर कर्मचारी तो हमने कुछ सेवानिवृत हो चुके है और कुछ जो सेवा मे है उनसे बात किया तो उन्होने बताया कि संविदा पर कर्मचारीयो की नियुक्ति करने का मुख्य उद्देश्य था कि कोई नया कर्मचारी अपने कार्यो मे लापरवाही न बरते मतलब एक नया कर्मी अपने कार्यो को अच्छे ढंग से करे और सीखे |

साफ शब्दो मे कहे तो संविदा एक प्रशिक्षण के समान था और प्रशिक्षण के समय संविदा कर्मी को जेब खर्च दिया जाता है और जब प्रशिक्षण पूरा हो जाये तो संविदा कर्मचारी को स्थायी तौर पर नियुक्त कर दिया जाता था साथ ही वह अन्य कर्मचारी की ही तरह सारे सुविधाये को पा लेता था |


आज तो फ़ैशन सा चल गया है लोगो को संविदा पर नियुक्त करो और उनका जमकर शोषण करो और अगर एक संविदा कर्मी ज्यादा तू तड़ाक बोले उसे बिना कारण बताए उसके संविदा या करार को स्थगित कर दो | अब उसका स्थान खाली हो गया है तो उसकी जगह दूसरा संविदा कर्मी की नियुक्ति कर लो | इस बात से समझ मे हमे तो यही आता है कि संविदा एक अभिशाप है लेकिन आप क्या सोचते है और सच मे संविदा अभिशाप है या वरदान तह आपको करना है |
हम तो अपनी सरकार से यही उम्मीद करते है कि कोई ऐसा बीच का रास्ता निकाला जाए जिससे न ही सरकार को समस्या आए और न ही आम जनता को | जिससे किसी भी संविदा कर्मचारी का शोषण न होने पाये | अगर आप संविदा नौकरी को अभिशाप समझते है तो अपनी आवाज को बुलंद करे क्योकि आपके एक छोटे से सहयोग से पूरी दुनिया बादल सकती है |

SHARE THIS

Admin:

भारत एक ऐसा देश है जहां से हर गली, हर नुक्कड़ से अनगिनत कहानिया निकलती है और उन कहानियो को आप तक पहुंचाने मे मदद करता है केएमजीवेब . हमारे बारे मे अधिक जाने क्लिक से;?

1 comment:

  1. Bikul shai kha.. Savidha ek abhishap hai.. .logo ka yha bhkawe mai rakha jata hai..

    ReplyDelete