LOL क्या होता है मतलब अर्थ परिभाषा समझे lol meaning in whatsapp

LOL क्या होता है मतलब अर्थ परिभाषा समझे lol meaning in whatsapp

LOL क्या होता है मतलब अर्थ परिभाषा समझे lol meaning in whatsapp - आपने सुना होगा whatsapp facebook पर LOL, लेकिन LOL क्या है मतलब परिभाषा अर्थ का lol meaning in whatsapp.

LOL क्या है ? What Is LOL
LOL एक word है जिसका Full Form Lots of Laughing होता है अगर किसी को बहुत ज्यादा 
हंसी आती है तो वह Whatsapp और Facebook पर LOL लिख देता है | अब आपको LOL का मतलब समझ मे आ चुका होगा ? LoL का सीधा सा अर्थ है बहूत ज्यादा हँसना |

LOL क्या होता है

LOL का Full Form क्या है What IS LOL पूरा नाम क्या है ?


  • Lots of Laughing
  • Laughing out Loud

अब आपको अगर कोई fb पर या social media पर lol कहे तो आप समझ सकते है वह शख्स आपसे क्या कहना चहता है ? lol का सीधा सा अर्थ है की आपकी कही हुई बात या word पर आपके दोस्त या जिससे आप बात कर रहे उसे बहूत ही हंसी आ रही है या वह आपसे मजाक कर रहा है ! और अपनी हंसी को या मजाक को जल्दी से बोलने के लिये lol का use कर रहा है ! इसलिए उसने फौरन LOL type करके comment पास कर दिया !

Computer ka Full Form – कंप्यूटर का मतलब

बहूत सारे ऐसे लोग है जो कम्पूटर तो use करते है ! लेकिन उन्हे कम्पूटर का full form या full name नही पता होगा लेकिन हमारी इस पोस्ट को आपको भी पता चल जाएगा की कम्पूटर का full form क्या होता है ?  क्या आप जानते है कंप्यूटर के फायदे और इसके parts के बारे में ? अधिक jankari के लिए यहाँ पढ़े |
C – Commonly
O – Operation
M – Machine
P – Particularly
U- Used For
T – Technical
E – Educational
R – Research
Computer क्या होता है


Computer Ki Khoj Kisne Kiya ? Computer Knowledge

Computer की आविष्कार  “चार्ल्स बबेज” ने किया था । कंप्यूटर एक electronic data processing उपकरण है जो की हमारे द्वारा दिए गए data को input के रूप में लेता है फिर उस data को save करके उसे process करके हमे output के रूप में result देता है ।

आज के time में हर जगह computer का use बढ़ता जा रहा है फिर चाहे वो school हो या colleges, हॉस्पिटल हो या फिर दफ्तर । इसका कारण यह है की computer बहुत हीं तेजी से काम करता है जिसके कारण हम अपना ज्यादा से ज्यादा time save कर सकते है। computer 1 second में लाखो करोड़ो Calculations एक साथ कर सकता है क्योंकि computer के processor की  speed बहुत ज्यादा होती है ।

कम्प्युटर के महत्वपूर्ण पार्ट कौन से है ?
कम्पूटर के सबसे महत्पूर्ण पार्ट के बारे मे नीचे नाम दिये गए है -

  • Monitor
  • Keyboard and Mouse
  • RAM
  • Processor
  • Hard-disk
  • Motherboard
  • Cabinet

कम्प्युटर क्या गलती कर सकता है ?

Computer कभी कोई गलती नहीं करता है। अगर computer आपको कोई गलत output देता है तो ये computer की नहीं बल्कि आपकी गलती होती है ! आपके द्वारा computer को input हीं गलत दी गई होगी ! और आज का समय है कम्पूटर और टेक्नॉलॉजी का और शायद कुछ वक्त बाद सारे काम कम्पूटर से होने लगे ! और आज के time बहूत सारे काम कम्पूटर से किए जा रहे है ! कम्पूटर और टेक्नॉलॉजी की मदद से आज बहूत सारे काम हम घर बैठे कर सकते है ?

कंप्यूटर के फायदे / Benefits of Computers
कम्पूटर के बहूत सारे फायदे है ! और आज के समय मे अगर आपके पास कम्पूटर और इंटेरनेट है तो आप कम्पूटर से घर बैठे नीचे दिये फायदे आराम से ले सकते है !

  • घर बैठे ऑनलाइन kg 1 से लेकर phd तक की जानकारी ले सकते है !
  • आपका कोई बिजनेस है तो आप इंटरनेट के जरिये आप अपने बिजनेस को बड़ा कर सकते है !
  • बिना कोई पैसा खर्च किये बिना आज के समय मे इंटरनेट से पैसा कमा सकते है !
  • Online Movie देख सकते है !
  • ऑनलाइन train टिकेट्स बुक कर सकते है इत्यादि |
ATM से पैसे कैसे निकाले सीखे ATM meaning in hindi

ATM से पैसे कैसे निकाले सीखे ATM meaning in hindi

ATM से पैसे कैसे निकाले सीखे ATM meaning in hindi - अगर आपको atm से पैसे निकालने का तरीका तो जानिए एटीएम मशीन से पैसा कैसे निकालते है ! atm से पैसे कैसे निकाले atm meaning in hindi kya hai ? atm कैसे यूज़ करे ?

ATM से पैसे कैसे निकाले
जो आज तक शायद एटीएम मशीन का प्रयोग नही किया है और उनके मन मे सवाल आता है की आखिर एटीएम मशीन से पैसा कैसे निकल जाता है तो आज आपको इस पोस्ट मे आपके सवालो का जवाब मिल जाएगा !

ATM Card Kya Hota Hai ?

एटीएम कार्ड एक प्लास्टिक का कार्ड होता है ! एटीएम कार्ड का एक Secret PIN नम्बर होता है ! PIN नम्बर किसी को नही बताया जाता है मतलब इसे गोपनीय रखखा जाता है ! और हम एटीएम कार्ड और पिन नम्बर के द्वारा एटीएम मशीन से कही भी और कभी 24*7 पैसे निकाल सकते है ! आज के समय मे लगभग 85% लोगों के पास एटीएम कार्ड है ! अब लोग पुराने ज़माने की तरह पैसे पर्स ( wallet ) मे नही रखते है ! क्योंकि उन्हे जब भी पैसों की ज़रूरत होती है एटीएम से पैसे निकाल लेटे है है ! अगर आपको shopping करनी है तब भी आप एटीएम का use कर सकते है !  एटीएम कार्ड कई टाइप के होते है ! Ex- Master Card, Maestro Card, Rupay Card !

ATM Se Paise Kaise Nikalete Hai sikhe ?

बहूत सारे लोगों को एटीएम से पैसा निकालने का तरीका मालूम है लेकिन कुछ ऐसे भी लोग है जिन्होने atm से ना कभी पैसे निकाले है और ना ही एटीएम से पैसा निकालने का तरीका उन्हे मालूम है ! तो जिन्हे एटीएम मशीन से पैसे निकलने का तरीका नही मालूम वह सबसे पहले किसी भी एटीएम मशीन पर चले जाए !
  • सबसे पहले एटीएम मशीन पर जाए !
  • अब आपके पास जो एटीएम कार्ड है उसे एटीएम मशीन मे जो slot ( खांचा ) होता है उसमे insert करदे और तुरंत कार्ड निकाल ले !
  • कार्ड insert करते ही आपको एटीएम मशीन पर लिखा हुआ दिखेगा भाषा (language) ! तो आप अपनी मनचाही भाषा Hindi/English का selection करले !
  • अपने एटीएम का PIN Number (4 Digit ka) डाले !
  • अब आपको एटीएम मशीन की screen पर ऑप्शन दिखाई दें रहे होंगे तो आप Banking Select कर दें
  • अब आपके सामने बहूत से ऑप्शन होंगे लेकिन आपको Cash Withdrawal पर क्लिक  करना है !
  • अब आपका बैंक एकाउंट जो है Current/Saving इन दोनो मे से एक का चुनाव करे !
  • अब आप Amount enter करे  ( आपको जितने पैसे निकालने है )  आपको जितने पैसे निकालने है वह रकम डालने के बाद yes पर क्लिक करे !
  • Transaction को पूरा होने दें और अपनी रकम पैसा Collect करले !
  • अब एटीएम मशीन से आपके द्वारा निकाले गये पैसे की slip निकलेगी तो आप उसे ले लिजिए और last मे Clear पर क्लिक करदे !

एटीएम मशीन से पैसे निकालते वक्त ये बाते रखखे ध्यान

एटीएम कार्ड use करते समय आपको कुछ बाते ध्यान मे रखनी पड़ती है ! एटीएम कार्ड को use हम ard use limited time ही कर सकते है क्योंकि जो बैंक है उन्होने transaction पर limit दें रखख़ी है
  • मेट्रो सिटी के लिये transaction limit
दिल्ली मुम्बई कोलकता चेन्नई बेंगलूर और हेदराबाद - दूसरे बैंक के एटीएम पर हम एक महीने मे हम 3 Free transaction कर सकते है !और अपनी बैंक पर एक महीने मे 5 free transaction कर सकते है । 
  • Free Transction मे क्या क्या आता है - PIN Change, Balance Enquiry, Mini Statement, and Balance Transfer etc. यानी metro city मे आपको total 8 free transaction मिलते है ! अगर आप एक महीने मे 8 से ज्यादा transction करोगे तो हर transaction के लिए Rs.20 charge लगेगा !
  • Non-Metro City के लिए Transaction Limit - Non metro के लिए total 10 free transaction है ! बैंक के ATM पर 5 और दूसरे बैंक के atm पर 5 ऐसे कुल मिलाकर 10 free transaction 1 महीने मे कर सकते है ज्यादा transction करोगे तो एक transaction के लिए Rs.20 charge लगेगा.
Virtual Payment Address क्या है VPA meaning in hindi

Virtual Payment Address क्या है VPA meaning in hindi

Virtual Payment Address क्या है VPA meaning in hindi - क्या आप जानना चाहते है Virtual Payment Address क्या है ? अगर नहीं तो आपको Virtual Payment Address के बारे मे आज हम बता रहे है Virtual Payment Address क्या है VPA meaning in hindi Full form


Virtual Payment Address क्या है

VPA के बारे में जानें | Virtual Payment Address

Virtual Payment Address [ VPA ]: अगर आप किसी को नगद पैसे दिए बिना भुगतान करना चाहते है || तो आपको उस सख्श [ Payee ] के खाते नंबर की जरूरत पड़ेगी और बैंक नमबर के साथ साथ आपको ifsc कोड की भी जरूरत पड़ेगी || आप कह सकते है बैंक खाता नंबर और IFSC Code पैसे भुगतान करने के लिए एक एड्रैस है ||




कुछ समय पहले हम किसी को पैसे का भुगतान करने के लिए बैंक एकाउंट और IFSc Code उससे [ Payee ] लेते थे || लेकिन यह तरीका धोखेबाज को मदद कर सकता है || क्योकि धोखेबाज को सीधे आपके खाते की विवरण मिल जाता है और धोखेबाज इसका गलत इस्तेमाल कर सकता है || तो अगर आपको अपने खाते का विवरण धोखेबाज की नजर से बचाना हो तो VPA [ Virtual Payment Address ] आपकी मदद कर सकता है |

What Is Virtual Payment Address Details In Hindi

Virtual Payment Address एक एड्रैस होता है जोकि हम बैंक अकाउंट एड्रैस की जगह इस्तेमाल कर सकते है || और यह एड्रैस अत्यधिक Flexible है | आप Virtual Payment Address खुद Choise कर सकते है और खुद ही इसे आप बदल भी सकते है | लेकिन यह करने के लिए आपको पहले VPA [ Virtual Payment Address ] को अपने Bank Account Number से जोडना होगा | और यह आपका acutual payment Address नहीं है | लेकिन यह VPA आपके Payment Address की तरह ही कार्य करता है | Virtual Payment Address आपकी Email ID की तरह होती है || EX - Shalu@icici, Rajan@hdfc, 9532109935@upi ||

Virtual Payment Address कैसे प्राप्त करे :

VPA [ Virtual Payment Address ] UPI Payment System ] का एक हिस्सा है | तो आपको Virtual Payment Address  पाने के लिए UPI App का इस्तेमाल करना होगा | जिसके लिए Play Stor से आप App Download कर सकते है | और Download करने के बाद आपको अपने Bank Account को UPI App से Connect करना होगा | तो ऐसा करने के लिए आपको उस मोबाइल नंबर का प्रयोग करना होगा जो आपके बैंक अकाउंट से जुड़ा हुआ हो | फिर आप VPA पाने के लिए UPI App का इस्तेमाल करे |




Virtual Payment Address क्या है


आसान तरीका जाने प्राप्त Virtual Payment Address  करने के लिए -


  • सबसे पहले आपको UPI App Play Stor से Install करना होगा ||
  • आपके बैंक अकाउंट से जो मोबाइल नंबर जुड़ा हुआ है उसी फोन मे UPI App का प्रयोग करे ||
  • अब आप UPI App को खोले और मोबाइल वेरिफिकेशन करे | यह प्रक्रिया पूरा होने के बाद आपको सत्यापन के दूसरे माध्यम Grid Security Answer या कोई अन्य प्रमाणीकरण से गुजरना पड़ेगा
  • प्रमाणीकरण के बाद आप अपने दिए गए खाते के लिए एक VPA बना सकते है |

एक ईमेल एड्रैस की तरह आप अपनी पसंद का VPA चुन सकते है | और उपलब्धता की जाँच कर सकते है | VPA का इस्तेमाल आप किसी अन्य UPI Application उपयोगकर्ता से पैसा प्राप्त करने के लिए कर सकते है

VPA के नियम
  • आपके पास कई Virtual Payment Address हो सकता है |
  • आप अपनी इच्छा अनुसार इसे बदल सकते है |
  • आप एक VPA के साथ कई खातो को जोड़ सकते है लेकिन आपको Defualt के रूप मे एक खाता निर्धारित करना होगा |
VPA [ Virtual Payment Address ] के लाभ
  • आप इसका प्रयोग करके धन प्राप्त कर सकते है |
  • आप इसका प्रयोग करके पैसे Transfer कर सकते है |
  • आपको धन प्राप्त करने के लिए बैंक नंबर देने की जरूरत नहीं पड़ेगी |
  • VPA को याद करना आसान है |
  • आप अपनी मनपसंद VPA प्राप्त कर सकते है |
  • सुरक्षा के लिए आप इसे जब चाहे बादल सकते है |
Virtual Payment Address [VPN ] के बारे मे अधिक जानकारी के लिए आप हमे कमेन्ट के माध्यम से पुंछ सकते है | कोई भी समस्या या VPA के बारे मे जानने के लिए कमेन्ट करे |
domain क्या है मतलब समझे what is doamin meaning in hindi

domain क्या है मतलब समझे what is doamin meaning in hindi

domain क्या है मतलब समझे what is doamin meaning in hindi - अगर आप इन्टरनेट प्रयोग करते है तो आपने जरूर Doamin नाम सुना होगा पर क्या आपको पता है doamin क्या है और doamain का क्या मतलब होता है ( Domain Meaning ) Doamin कैसे और कहा से खरीदा जा सकता है अगर नहीं तो चलिये आज जान लेते है What Is Domain..???

डोमेन क्या होता है
दुनिया मे जिस प्रकार हर इंसान का कोई न कोई नाम होता है ठीक उसी तरह से इन्टरनेट की दुनिया मे भी है | लेकिन शुरुवात मे इन्टरनेट ऐसा नहीं था क्योकि बहुत कम वैबसाइट होने के कारण उनका पता एक IP Address 233.122.112.223 जैसा कुछ होता है |


domain क्या है मतलब समझे




भविष्य की संभावनाओ को देखते हुए डोमेन नाम प्रणाली को बनाया गया क्योकि आज के दौर मे मौजूद करोडो वैबसाइट का परबंधन करना बहुत ही मुश्किल है अगर हर वैबसाइट को पहचानने की वयवस्था न हो तो इन्टरनेट की कोई उपयोगिता नहीं रह जाती है | जब भी कोई न्यू वैबसाइट इन्टरनेट पर डाली जाती है तो उसे एक आईपी एड्रेस दिया जाता है जो अंको मे होता है जैसे - 321.333.554.555. | अब इस तरह के एड्रेस को याद रखना कितना मुश्किल का काम है यह नंबर देखकर ही समझ मे आ जाता है इसी कारण वैबसाइट के लिए डोमेन नाम की व्यवस्था की गई | डोमिन नाम उस वैबसाइट के आईपी एड्रेस का विकल्प होता है | जब कोई इन्टरनेट पर किसी वैबसाइट का एड्रेस डालता है तो डोमेन नाम का सर्वर उसे आई. पी. एड्रेस मे बादल देता है | फिर हम हमारे द्वारा सर्च किए गए वैबसाइट पर पहुँच बना पाते है |
आईपी एड्रेस को याद रखना काफी मुश्किल है जबकि डोमेन को याद रखना काफी आसान है इसलिए यह व्यवस्था पहले के मुक़ाबले बहुत सरल है |
ICANN - इन्टरनेशनल कॉर्पोरेशन फॉर असाइण्ड नेम एंड नम्बर एक अमेरिकी संस्था है जो दुनिया भर के Domain को मैनेज करती है |
अगर आप अपने वैबसाइट के लिए या ब्लॉग के लिए कोई डोमेन लेना चाहते है तो आप ICANN से सर्टिफाइड किसी भी Doamin Name Registar से Doamin Name Registar कर सकते है | जब आप डोमेन खरीद लेते है तो आपको इस तरह का एक एड्रेस मिलता है जैसे - www.kmgweb.in, www.google.com |

Doamin कैसे खरीदे हिन्दी मे जानिए

अगर आप कोई वैबसाइट बनाना चाहते है तो आपको domain name की जरूरत पड़ेगी जिसके लिए आप Domain इन वैबसाइट से खरीद सकते है Godaday, या फिर Bigrock यहा क्लिक से Domain Buy करे |
वेब होस्टिंग बिज़नस की शुरुवात कैसे करे web hosting business kaise start kare

वेब होस्टिंग बिज़नस की शुरुवात कैसे करे web hosting business kaise start kare

web hosting business Start kaise kare - वेबहोस्टिंग बिज़नस शुरुवात कैसे करे - जब कोई बिज़नस शुरू करता है तो उसका उद्देश पैसा कमाना होता है आज के दौर मे इंटरनेट से भी पैसा कमाया जा सकता है इन्टरनेट से पैसा कमाने के कई सारे तरीके मौजूद है लेकिन आज हम वेबहोस्टिंग बिज़नस से पैसा कैसे कमाए कि बात करेंगे या फिर web hosting business कैसे शुरू करे |


web hosting



web hosting kya hota hai...?

वेबहोस्टिंग एक तरह की सर्विस है जिस पर हम वैबसाइट के डाटा को ऑनलाइन सर्वर पर इन्टरनेट माध्यम से स्टोर कर सकते है और इस सर्विस के बदले हमे वेबसर्विस या होस्टिंग कंपनी को किराया के रूप मे पैसा देना पड़ता है | आप वेबहोस्टिंग को इस तरह समझ सकते है - आपके पास मोबाइल फोन तो होता है लेकिन उसमे एमपी3 सॉन्ग, वीडियो सॉन्ग, या फिर फोटो इत्यादि Save रखने के लिए मेमोरीकार्ड की जरूरत होती है ठीक मेमोरी कार्ड की तरह वेबहोस्टिंग भी होती है | जहां पर हम अपनी वैबसाइट या वेब पेज, विडिओ गाने इत्यादि को इंटरनेट पर Save कर सकते है | तो आप समझ सकते है वेबहोस्टिंग हमे इन्टरनेट पर अपनी वेबसाइट को रखने की जगह देता है |
hostgator web hosting kaise buy kare
वेबहोस्टिंग बिज़नस की डिमांड - आज लगभग सभी छोटे से बड़े बिज़नस अपनी ऑनलाइन पहुँच लोगो के बीच बनाना चाह रहे है जैसे - स्कूल, बिज़नसमेन, हॉस्पिटल इत्यादि सभी अपनी खुद की वैबसाइट बनवाते है या बना रहे है और इसलिए आज वेबहोस्टिंग की डिमांड काफी बढ़ चुकी है क्योकि बिना वेबहोस्टिंग के किसी वैबसाइट को इंटरनेट पर Space नहीं मिल सकता है |


वेबहोस्टिंग बिज़नस शुरुवात कैसे करे -

अगर आपके पास कोई Idea नहीं की कैसे web hosting business या web hosting company की शुरुवात कैसे किया जा सकता है तो हम आपको बताना चाहेंगे यह बहुत आसान है इसके लिए आपको सर्वर या इंटरनेट कनेकसन की भी जरूरत नहीं है बस आपके पास होना जरूरी है Computer और Internet की अच्छी नॉलेज |

बड़ी बड़ी वेबहोस्टिंग कम्पनी Reseller hosting देती है जिसे आप खरीद सकते है और फिर अपनी खुद की web hosting company बना सकते है | ज्यादतार hosting provider company reseller hosting लेकर अपने Business को चला रहे है | आपको लगता होगा सभी होस्टिंग प्रोवाइडर कंपनी के पास खुद का सर्वर होता होगा लेकिन ऐसा नहीं है क्योकि सर्वर रखना और उसे 24 घंटे मेनेज करना सभी के बस की बात नहीं |


Web hosting business के लिए चाहिए -

  • डोमेन एड्रेस
  • वैबसाइट
  • reseller hosting pack
  • बैंक एकाउंट
  • paypal एकाउंट [ विदेशी पैसे को लेने के लिए ]
Reseller Hosting Price - रिसेलर होस्टिंग की कीमत 500 से 3000 रुपए होता है और यह disk space, bandwidth, webhost limit इत्यादि पर भी कीमत निर्भर करता है |

Reseller Hosting Company - इंटरनेट पर reseller hosting बेचने वाली बहुत सी वैबसाइट मौजूद है लेकिन हम आपको कुछ चुनिन्दा वैबसाइट के नाम बता रहे है - resellerclub.com, bigrock.com, hostgator.com, siliconhosting.com |

इस तरह आप अपने वैबसाइट के लिए reseller hosting खरीद कर अपने वैबसाइट से कनेक्ट कर सकते है और बना सकते है खुद की web hosting business company |

अगर आप अपनी वेबहोस्टिंग कम्पनी ओपन करना चाहते है और आपको और अधिक जानकारी की जरूरत हो तो कमेंट करे हम आपके सवालो के जवाब देकर आपकी मदद कर सकते है |
5जी 4जी 3 जी नेटवर्क तकनीकी क्या है 5g kya hai matlab smajhe

5जी 4जी 3 जी नेटवर्क तकनीकी क्या है 5g kya hai matlab smajhe

5जी 4जी 3 जी नेटवर्क तकनीकी क्या है 5g kya hai matlab smajhe - इंटरनेट का जमाना है तो हम समझा रहे है meaning in hindi 4g 5g 3g नेटवर्क तकनीकी क्या है ?

आज इंटरनेट का युग है लोग दोस्तो परिवार से मिले या ना मिले लेकिन इंटरनेट से मिलना नहीं भूलते लेकिन जिस इंटरनेट का हम इस्तेमाल कर रहे है उसमे 1G kya hai, 2G kya hota hai, 3G, 4G kya hota hai, 5G क्या है आपको पता है | अगर नहीं तो आज हम मतलब समझेंगे की 1G, 2G, 3G, 4G, 5G क्या होता है |

एक समय था जब हम 1G का प्रयोग करते थे और आज हम 4G प्रयोग कर रहे है | जब से 4G तकनीकी आया है मानो इन्टरनेट बदल चुका है | आज हम इन्टरनेट पर कुछ भी बहुत ही तेजी से सर्च कर सकते है और अगर आपको 4G धीमा लगता है तो भारतीयो के लिए खुशी की बात है क्योकि बहुत जल्द भारत मे 5G आने वाला है |



smart phone

1जी, 2जी, 3जी, 4जी, 5जी तकनीकी का मतलब हिन्दी मे

पहले तो आपको पता होना चाहिए G का क्या मतलब है तो आपको बता दे G का मतलब जेनरेशन से है और जब भी किसी फोन मे न्यू तकनीकी लाई जाती है तो उसे नेक्स्ट जेनेरेशन का स्मार्टफोन कहा जाता है |
1G तकनीकी मतलब समझे - 1G तकनीकी की शुरुवात सबसे पहले अमेरिका मे हुआ था और यह जो फोन था उसमे बैटरी लाइफ बहुत खराब होती थी साथ ही वाइस क्वालिटी भी बहुत खराब तरह की थी |

2G तकनीकी मतलब समझे - यह तकनीकी GSM पर आधारित है इसमे डिजिटल सिग्नल का इस्तेमाल किया जाता था | 2G की स्पीड 64 kbps थी | इसकी स्थापना फिनलैंड मे किया गया | इस फोन के फ्यूचर मे एसएमएस, कैमरा, और मेल इत्यादि सर्विस शामिल थी |


3G तकनीकी मतलब समझे - इस तकनीकी मे बड़े गेस, बड़ी फाइले ट्रांसफर और Vidio call फ्यूचर आए साथ ही इन्हे स्मार्टफोन के नाम से जाना जाने लगा | इसमे न्यू डाटा प्लान को शामिल किया गया |

4G तकनीकी मतलब समझे - 4G तकनीकी आने से इंटरनेट स्पीड फास्ट हो गई जोकि 100 mbps की है लेकिन यह 3G से महगा है |

5G तकनीकी मतलब समझे - इस तकनीकी के आने से हाई सिक्यूरिटी मिल सकती है साथ ही यह तकनीकी भविष्य की वायरलेस तकनीकी होगी और इसकी इंटरनेट स्पीड की कोई लिमिट नहीं होगी ऐसा माना जा रहा है |
मोबाइल नंबर की सही लोकेशन online कैसे पता करे

मोबाइल नंबर की सही लोकेशन online कैसे पता करे

मोबाइल नंबर की सही लोकेशन online पता करे - आपका मोबाइल नहीं मिल रहा है तो आप मोबाइल नंबर की सही लोकेशन online पता कर सकेते लेकिन कैसे ? इसका जवाब mobail अगर नहीं मिले तो लोकेशन trace किया जा सकता है | अगर आपका मोबाइल चोरी हो गया है या खो गया है तो आप मोबाइल नंबर से फोन की लोकेशन पता कर सकते है ?

मोबाइल नंबर की सही लोकेशन online पता करे

मोबाइल नंबर सही लोकेशन app

आपको प्ले स्टोर मे बहुत सारे एप्स मिलेंगे जो दावा करते है की मोबाइल की सही लोकेशन हम पता करके आपको बता सकते है | हमने प्रयोग मे भी लिया है लेकिन वह सब fake होते है और लोकेशन भी सही से नहीं बता पाते है ऐसे मे किस तरह से मोबाइल नंबर की सही लोकेशन online पता करे के बारे मे आपको चाहिए |

मोबाइल नंबर की सही लोकेशन online कैसे पता करे

अगर आपको अपने मोबाइल की सही लोकेशन पता करना है तो आपको कुछ स्टेप को फॉलो करना होगा -
  • सबसे पहले तो आपको find my device को खोलना है |
  • अब आपको अपने ईमेल id के माध्यम से login करना होगा |
  • अब आप find my device के page पर आ जाएंगे |
  • अब आपको कई तरह के ऑप्शन दिखाई देंगे जिसमे लोकेशन पता करना एक तरीका है |

आप इस माध्यम से अपने silent phone पर ring कर सकते है  साथ ही अपने खोये हुए फोन को lock भी कर सकते है |

पुलिस का मदद से चोरी हुए फोन को पाये
अगर आप ऊपर बताए हुए रास्ते से आपकी फोन की लोकेशन नहीं पता चली तो आप अपने फोन की चोरी का कम्पलेन पुलिस से कर सकते है वह आपके फोन को ढूंढने आपकी मदद करेगी | आप इस वीडियो को देखे कैसे पुलिस आपको फोन को खोजती है
सोलर पैनल घर के लिए की कीमत price 2019 up

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सोलर पैनल घर के लिए की कीमत price 2019 solar system 1KW in up - सोलर पैनल की कीमत in up सोलर पैनल की कीमत सोलर पैनल की कीमत 2018 सोलर पैनल की कीमत 2018 haryana सोलर पैनल घर के लिए price गवर्नमेंट फ्री सोलर पैनल स्कीम फ्री सोलर पैनल रजिस्ट्रेशन सोलर सिस्टम घर के लिये

सोलर पैनल घर के लिए

solar panel क्या है बनाने की विधि PDF

सौलर पैनल का नाम तो आप सभी सुना होगा लेकिन यह सौलर पैनल है क्या ? आपको मालूम ही होगा की भारत देश मे बिजली की कीमत मे बहुत ज्यादा इजाफा होता चला जा रहा है | इसलिए अपनी बिजली की आपूर्ति के लिए लोगो का रुझान सौर ऊर्जा की और बढ़ रहा है | सरकार भी जवाहरलाल नेहरू राष्ट्रीय सौर मिशन के तहत सौर पीवी प्रणाली को बढ़ावा देने के लिए कई सारे कदम बढ़ा रही है | अगर आप इस योजना के तहत सौर पैनल खरीदते है तो गवर्नमेंट आपको सबसिडी प्रदान करती है | सौर पैनल सूर्य की ऊर्जा से आपको रोशनी प्रदान करती है इसलिए इसमे बिजली की खपत नहीं होती है | लेकिन एक बार आपको सौलर पैनल लगाने का खर्च उठाना पढ़ता है |

एक बड़ा Solar Panel बनाने के लिए कई छोटे छोटे Solar cells का उपयोग किया जाता है और इन्हें वैज्ञानिक भाषा में हम solar module के नाम से भी जानते है और इन्हें ही photo voltaic cell भी कहा जाता है और इनकी खासियत यह होती है कि जैसे ही इन पर प्रकाश पड़ता है वैसे ही यह कुछ वोल्टेज उत्पन करते है लेकिन यह मात्रा बहुत कम होती है इसलिए इन्ही छोटे छोटे cells को मिलाकर एक बड़ा solar panel बनाया जाता है ताकि एक पर्याप्त मात्रा में इतना वोल्टेज प्राप्त किया जा सके कि वह हमारे काम के उपकरणों को चलाने लायक हो जाये |

1 KW सोलर पैनल की कीमत 2019

Luminous 1kw सोलर पैनल की कीमत (Pricenmore.Com)

Modelरेटिंगमूल्य
लूम सौर PV मॉड्यूल 3 वाट / 6 वोल्ट3W / 6 वोल्टRs.270
लूम सौर PV मॉड्यूल 10 वाट / 12 वोल्ट10W / 12 वोल्टRs.740
लूम सौर PV मॉड्यूल 20 वाट / 12 वोल्ट20W / 12 वोल्टRs.1,330
लूम सौर PV मॉड्यूल 37 वाट / 12 वोल्ट37W / 12 वोल्टRs.1,970
लूम सौर PV मॉड्यूल 40 वाट / 12 वोल्ट40W / 12 वोल्टRs.2,040
लूम सौर PV मॉड्यूल 60 वाट / 12 वोल्ट60W / 12 वोल्टRs.3060
लूम सौर PV मॉड्यूल 75 वाट / 12 वोल्ट75W / 12 वोल्टRs.3,620
लूम सौर PV मॉड्यूल 80 वाट / 12 वोल्ट80W / 12 वोल्टRs.3,880
लूम सौर PV मॉड्यूल 100 वाट / 12 वोल्ट100W / 12 वोल्टRs.4380
लूम सौर PV मॉड्यूल 150 वाट / 12 वोल्ट150W / 12 वोल्टRs.6440
लूम सौर PV मॉड्यूल 200 वाट / 24 वोल्ट200W / 24 वोल्टRs.8960
लूम सौर PV मॉड्यूल 250 वाट / 24 वोल्ट250W / 24 वोल्टRs.9720
लूम सौर PV मॉड्यूल 270 वाट / 24 वोल्ट270W / 24 वोल्टRs.9720
लूम सौर PV मॉड्यूल 300 वाट / 24 वोल्ट300W / 24 वोल्टRs.10,800

Sukam 1kw सोलर पैनल की कीमत (Solarenergypanels.In)

ModelPrice
10W 12 Volt833
20W 12 Volt1463
50W 12 Volt2513
75W 12 Volt3073
80W 12 Volt4683
100W 12 Volt5873
125W 12 Volt7273
150W 12 Volt8743
250W 24V13678
300W 24 Volt16,513

सोलर पैनल घर के लिए 1 KW PRICE

सौलर पैनल खरीदने से पहले आपको यह पता लगा लेना चाहिए आपको कितनी बिजली खपत करनी है | मान लीजिए आप घर मे 1 महीने के अंदर 150 यूनिट बिजली की खपत करते है | इस हिसाब से आप रोजाना 5 यूनिट का प्रयोग करते है | अगर आपका बिजली खर्च इतना ही है तो आप 1 KW का सौलर सिस्टम लगाए |

1 किलोवाट का सोलर पैनल आपको 1 दिन में लगभग 5 -6 यूनिट बिजली दे देता है जिससे कि आप अपने घर के उपकरण चला सकते हैं. अगर आप 5 – 6 यूनिट से ज्यादा बिजली का इस्तेमाल करते हैं तो आपको एक किलोवाट से ज्यादा का सोलर सिस्टम लगवाना पड़ेगा.
सौलर पैनल के बारे मे आज के लिए बस इतना ही आगे हम और भी जानकारी आपके लिए लेकर आएंगे अगर आपको सौलर पैनल सिस्टम के बारे मे कुछ पूछना है तो कमेन्ट मे सवाल लिखे |

ईमेल id बनानी है मोबाइल में ईमेल id कैसे बनाएं what is email

ईमेल id बनानी है मोबाइल में ईमेल id कैसे बनाएं what is email

ईमेल id बनानी है मोबाइल में ईमेल id कैसे बनाएं - अगर आपके पास ईमेल id नहीं है तो ईमेल id कैसे बनानी है और मोबाइल में ईमेल id कैसे बनाएं के बारे मे जानना चाहिए ? आज हम आपको पूरी जानकारी मोबाइल में ईमेल id कैसे बनाएं के बारे मे बताने जा रहे है | what is email, email full form hindi

EMAIL क्या है ?

एक टाइम था जब लोग एक दूसरे को संदेश भेजने के लिए चिट्ठी भेजा करते है इसके लिए डाकखाने मे जाते थे और चिट्ठी डाकखाने मे डालने के बाद कुछ दिनो बाद जवाब आता था लेकिन अब जमाना डिजिटल हो चुका है इसलिए अब सबकुछ पलक झपकते हो जाता है | डिजिटल जमाने ने चिट्ठी का स्थान अब ईमेल ने ले लिया मतलब साफ है चिट्ठी जो भेजते थे अब वह ईमेल मे बदल चुका है और ऑनलाइन होकर किया जाता है | लेकिन email भेजने के लिए एक email id का होना जरूरी है | लेकिन बहुत से लोगो को यही नहीं मालूम होता है की ईमेल id कैसे बनाए तो आज हम मोबाइल में ईमेल id कैसे बनाएं के बारे मे जानकारी देने वाले है ?

ईमेल id बनानी है


आज ईमेल भेजने के लिए कई वैबसाइट है जहा पर आप email id बनाकर मेल भेज सकते है जैसे - Gmail ID, Yahoo ID, Hotmail यह सब एक पोपुलर email भेजने के लिए सर्विस देती है | लेकिन हम आपको आज gmail id कैसे बनाए के बारे मे बताने वाले है क्योकि यह आज के समय मे सबसे ज्यादा प्रयोग मे लिया जाता है |


new email account id kaise banaye hindi mai

  • सबसे पहले आपको गूगल की वैबसाइट पर जाना होगा उसके लिए आप यहा क्लिक करे
  • अब आपके सामने new account create का ऑप्शन दिखाई देगा तो आप उसे क्लिक करे |
ईमेल id बनानी है

  • अब आपके सामने जो फार्म खुल कर आया है उसे स्टेप बाई स्टेप फिलअप करे |
  • एक बार सारे स्टेप पूरे होने के जाने के बाद आपका ईमेल आईडी बन जाएगा |
  • अब आप किसी भी व्यक्ति को ईमेल भेज सकते है लेकिन ईमेल भेजने के लिए आपके पास दूसरे व्यक्ति का ईमेल एड्रैस होना चाहिए |
इस तरह से आप एक ईमेल आईडी बना सकते है और किसी भी व्यक्ति को ईमेल भेज सकते है | अगर आपको कुछ पूछना हो तो सवाल करे ?
भारत के वीर जवान website क्या है ? bharat ke veer javan app

भारत के वीर जवान website क्या है ? bharat ke veer javan app

'भारत के वीर जवान website क्या है ? - बॉलीवुड एक्टर के सुझाव पर गृह मंत्रालय ने 'भारत के वीर जवान website बनाया है क्या है ? वैबसाइट या भारत के वीर जवान App website के माध्यम से आप भारत के वीर सैनिको की मदद कर सकते है | आज आपको 'भारत के वीर जवान website के बारे मे बताने जा 
है जैसे - 'भारत के वीर जवान website क्या है ? 'भारत के वीर जवान app के बारे मे क्या है ?


भारत के वीर जवान app


भारत के वीर जवान app क्या है ?

आपको बता दें, 'भारत के वीर' वेबसाइट या एप के जरिए आम हो या फिर खास कोई भी शहीद सैनिकों के परिवारवालों के बैंक अकाउंट में सीधे पैसा ट्रांसफर कर सकता है। इस वेबसाइट की सफलता के बाद अब इसे एक कदम और आगे बढ़ाते हुए ट्रस्ट में तबदील कर दिया गया है |

अगर आपको अपने देश और देशवासियो से प्रेम है और खासकर वीर जवान सैनिकों से तो आप अपने कमाई का कुछ हिस्सा वीर जवान सैनिकों के परिवार वाले को दान मे दे सकते है |

भारत के वीर जवान app प्रयोग कैसे करे

  • सबसे पहले आपको प्ले स्टोर से भारत के वीर जवान app को download करना है 
  • एप को डाउनलोड करने के बाद आप एप को ओपन करे 
  • अब आपको जिस भी वीर शहीद जवान को डोनेट करना है उसे सेलेक्ट करे |
  • इस तरह से आप भारत के वीर जवान को डोनेट कर सकते है |

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ATM पिन में क्यों होते हैं सिर्फ 4 डिजिट? जानें ऐसे ही 8 सवालों के जवाब

ATM पिन में क्यों होते हैं सिर्फ 4 डिजिट? जानें ऐसे ही 8 सवालों के जवाब

कई बार कुछ ऐसी चीजें होती हैं जिन्हें देख कर कभी न कभी मन में ये सवाल जरूर आता है कि ऐसा क्यों होता है। ATM में 4 डिजिट का पिन ही क्यों होता है? या फिर आईफोन के हर ऐड में हैंडसेट पर 9:41 ही क्यों बजा होता है? हम आपको बता रहे हैं ऐसे ही 8 सवाल और उनके इंट्रेस्टिंग जवाब...



ATM मशीन का इंवेंशन स्कॉटिश इन्वेंटर John Adrian Shepherd-Barron ने किया था। इसका इस्तेमाल साल 1967 से किया जा रहा है। मशीन बनाते वक्त Shepherd-Barron ने पिन के लिए 6 डिजिट नंबर सजेस्ट किया था। लेकिन हुआ ये कि उनकी वाइफ कैरोलाइन को 6 डिजिट पिन याद करने में दिक्कत आ रही थी, वो सिर्फ 4 डिजिट तक पिन नंबर याद कर पा रही थीं। तब से ATM का पिन मात्र 4 डिजिट का हो गया।

आपको बता दें कि कुछ बैंको के ATM पिन 6 डिजिट के हैं इनमें कोटक महिंद्रा बैंक भी शामिल है।



आपने आईफोन का ऐड गौर से देखा हो तो आप उसमें फोन की स्क्रीन पर हमेशा 9:41 AM का टाइम ही शो होते देखेंगे। दरअसल, ये वही समय है जब दुनिया ने एप्पल के आईफोन की पहली झलक देखी थी। आईफोन और आईपेड के ऐड में 9:41 का वक्त दिखाने का चलन साल 2007 में मेकवर्ल्ड कॉन्फ्रेंस एंड एक्सपो से शुरू हुआ। इसी इवेंट में एप्पल के तत्कालीन CEO स्टीव जॉब्स ने एक हिस्टोरिकल की-नोट प्रेजेंटेशन दिया था, और आईफोन की पहली झलक दिखाई थी। इवेंट से पहले जॉब्स ने सोचा कि क्यों ना जब आईफोन दुनिया के सामने आए तो उसकी स्क्रीन पर वही टाइम दिखे जो ऑडियंस की घड़ी में हो रहा हो। प्लानिंग के मुताबिक 9 बजे शुरू होने वाला प्रेजेंटेशन 40 मिनट में पूरा हो जाना था और उसके बाद आईफोन की झलक दिखानी थी।


इसका कारण मैनुअल टाइपराइटर्स के समय से जुड़ा हुआ है। पहले मैनुअल टाइपराइटर में अल्फाबेटिकल ऑर्डर में ही Keys को अरेंज किया गया था, लेकिन उस समय टाइपिस्ट इतना फास्ट टाइप करते थे कि टाइपराइटर जल्दी खराब हो जते। ऐसे में टाइपिंग स्पीड को स्लो करने के लिए Keys को QWERTY स्टाइल में अरेंज कर दिया गया। इस रैंडम अरेंजमेंट को ही स्टैंडर्ड मान लिया गया और ये आज तक फॉलो किए जा रहे हैं।


माइक्रोसॉफ्ट के विंडोज XP ऑपरेटिंग सिस्टम का वो सिंपल और अट्रैक्टिव सा वॉलपेपर आपको भी याद होगा। इसका नाम Bliss है। इसमें रोलिंग ग्रीन हिल्स, ब्लू स्काई और सफेद खूबसूरत बादल दिखाई देता है। दरअसल, ये कैलिफोर्निया स्थित सोनोमा काउंटी के अमेरिकन विटिकल्चरल एरिया का फोटो है। नेशनल जिओग्राफी के फोटोग्राफर Charles O'Rear ने 1996 में ये लैंडस्केप फोटो खींची थी।


एप्पल के को-फाउंडर स्टीव जॉब्स नया और इनोवेटिव लोगो बनाना चाहते थे। इस काम के लिए उन्होंने Rob Janoff को हायर किया। लोगो के कटे होने का कारण बताते हुए Janoff कहते हैं कि हम चाहते थे लोग इसे एप्पल ही समझें चेरी नहीं। हालांकि, एप्पल 'bite' को कम्प्यूटर के 'Byte' से भी जेड़कर देखा जाता है।
आपको बता दें कि साल 1976 में एप्पल के तीसरे को-फाउंडर Ronald Wayne ने एप्पल का पहला लोगो डिजाइन किया था। इसमें एप्पल के पेड़ के नीचे बैठे न्यूटन को दिखाया गया था


कुछ लोगों का मानना है कि ये कोई लाइट सेंसर है। वहीं, कुछ का कहना है कि ये माइक्रोफोन हो सकता है। कइयों का मानना तो ये है कि ये कोई रिसेट बटन है। अगर आपको भी ऐसा ही कुछ लगता है तो आपको बता दें कि ऐसा कुछ भी नहीं है। सच तो ये है कि ये एक माइक्रोफोन है लेकिन ये आपकी आवाज नहीं सुनता। इसे नॉइज कैंसलिंग माइक्रोफोन कहते हैं। ये बैकग्राउंड नॉइस को कम करने का काम करता है, जिससे कॉलर को क्रिस्टल क्लियर वॉइस सुनाई दे।


फेसबुक के नीले रंग में रंगे होने के पीछे सीधा सा कारण है। इसके फाउंडर मार्क जुकरबर्ग का कलर ब्लाइंड होना। न्यूयॉर्कर को दिए अपने एक इंटरव्यू में मार्क ने कहा की उन्हें लाल और हरा रंग दिखाई नहीं देता है। इसलिए नीला रंग उनके लिए सबसे आसान रंग है। फेसबुक शुरू से ही एक ही रंग में रंगा हुआ है। मार्के इसे हमेशा से जितना हो सके उतना सादा बनाना चाहते थे। यही वजह है कि उन्होंने फेसबुक को नीले रंग में रंग दिया।


नोकिया के लोगो में जो दो हाथ दिखाई देते हैं वो कोई इलस्ट्रेशन या इमेज नहीं है बल्कि ये फिनलैंड के दो मॉडल्स के हाथ हैं। एक हाथ बच्चे का है और दूसरा मेल का। कंपनी ने इन मॉडल्स को एजेंसी के जरिए हायर किया था। Janne Lehtinen नाम के आर्टिस्ट ने इस लोगो को फिनिशिंग दी है।

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दुनिया में कैसे आया एटीएम, पहली बार कहाँ निकला "पैसा"

दुनिया में कैसे आया एटीएम, पहली बार कहाँ निकला "पैसा"

हममे से हर एक व्‍यक्‍ति रोजाना ATM यानी की आटोमेटिड टैलर मशीन का उपयोग करता है। लेकिन आपको पता है ATM मशीन का अविष्कार कैसे हुआ? किसने बनाया इसे? और क्या है इसका भारत से कनेक्शन? और कहां इससे पहली बार पैसे निकाले गए? आइए आपको बताते हैं कैसे हुआ ATM मशीन का अविष्कार? और किस भारतीय ने इसे बनाया।

आज के दौर में जबकि पूरी दुनिया में बैंकिंग व्यवस्था बेहद एडवांस हो चुकी है और यहां तक कि मोबाइल पर आ चुकी है, वहां हर व्‍यक्‍ति ATM को न केवल ठीक से जानता है बल्कि उसका प्रयोग भी करता है। भारत में भी हर बैंक का ATM है और यह अब बेहद अनिवार्य जरूरत बन गई है।

ATM का पूरा नाम आटोमेटिड टैलर मशीन यानी की स्वचालित गणक मशीन है। भारत में इसे ATM ही कहा जाता है जबकि यूरोप, अमेरिका व रूस आदि में आटोमेटिक बैंकिंग मशीन, कैश पाइंट, होल इन द वॉल, बैंनकोमैट कहा जाता है।

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ATM एक ऐसी मशीन है, जिसका कनेक्शन कंप्यूटर से होता है। यह निर्धारित बैंकों के कस्टमर को कैश या नकदी पैसे उपलब्ध कराने में सहायक होता है। खास बात यह है कि इस कैश ट्रांजेक्‍शन में कस्टमर को कैशियर, क्लर्क या बैंक टैलर आवश्यकता नहीं होती है।

दुनिया में ATM मशीन के अविष्कार का विचार एक साथ कई देशों में आया। यह जापान, स्वीडन, अमेरिका और इंग्लैंड में जन्म और विकसित हुआ। हालांकि सबसे पहले इसका प्रयोग कहां शुरू हुआ यह अभी तय नहीं हो पाया है।

बहरहाल, देखा जाए तो विश्व में ATM के अविष्कार को लेकर कई देशों के अलग-अलग दावे हैं। लंदन और न्यूयॉर्क में सबसे पहले इससे प्रयोग में लाए जाने के उल्लेख मिलते हैं। 1960 के दशक में इसे बैंकोग्राफ के नाम से जाना जाता था।




कुछ दावों के अनुसार ATM का सबसे पहले प्रयोग 1961 में सिटी बैंक ऑफ न्यूयॉर्क के ग्राहकों के लिए किया गया था। हालांकि ग्राहकों ने तब इसे अस्वीकृत कर दिया था। इस कारण छह माह के बाद ही इससे हटा लिया गया था। इसके बाद टोक्यो, जापान में 1966 में इसका उपयोग हुआ था।

यूरोप में यानी की ब्रिटेन की राजधानी लंदन में ATM का प्रयोग किया गया। चौंकाने वाली बात यह है कि इंग्लैंड ने प्रयोग में लाई गई मशीन के अविष्कार का श्रेय जॉन शेपर्ड को जाता है। हालांकि इसके विकास में इंजीनियर डे ला रूई का भी महत्त्वपूर्ण योगदान है।

आपको जानकर आश्चर्य होगा कि जॉन शेपर्ड का जन्म। ब्रिटिशकालीन भारत में ही हुआ था। जॉन भारत में पूर्वोत्तचर राज्य असम के शिलांग और वर्तमान में मेघालय के शिलांग के जन्में थे। जॉन शेफर्ड बैरन का जन्म 23 जून 1925 को मेघालय के शिलांग में हुआ था। उनके स्कॉटिश पिता विलफ्रिड बैरन चीफ इंजीनियर थे।

ATM बनाने वाले जॉन शेफॉर्ड को ही एटीएम के पिन का भी अविष्कारक कहा गया। उन्होंने ही चार नंबर के पिन का भी अविष्कार किया, जिसका आज भी प्रचलन है। इसका प्रयोग 27 जून, 1967 में लंदन के बार्केले बैंक ने किया था।

जॉन शेफर्ड बैरन की मृत्यु् हाल ही में यानी की 15 मई 2010 को हुई थी।

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